Category Archives: Members’ Creations

Here we publish the original creative materials submitted by our Members.

“सूखे गुलाब की महक” – मनोजकुमार मिश्रा

भागलपुर स्टेशन पे झटके से इंटरसिटी ट्रेन आकर रूकी तो प्रिया की आंखें अचानक से खुल गयी। अलसायी नज़रो से बाहर देखा तो कुछ एक लोग ही नज़र आ रहे थे। गाड़ी पकड़ने के जल्दबाजी ने प्रिया को थका दिया … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged , | Comments Off on “सूखे गुलाब की महक” – मनोजकुमार मिश्रा

महाराष्ट्र के दो रत्न – लताजी और सचिन को समर्पित कविता – अमित कुमार

गीतकार – अमित कुमार तिवारी सुर सम्राज्ञी लता जी ताई * युग युग जियें आप हमारी बधाई सचिन सर जी के रिकार्ड अनोखे भारत रत्न ऐसे ही होते ” ज्योति कलश छलके ” गीत सुनकर आज भी घरों में सुबह … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Comments Off on महाराष्ट्र के दो रत्न – लताजी और सचिन को समर्पित कविता – अमित कुमार

तेरी पायल के घुंघरू (गीत) – शशिकांत जुनेजा

तेरी पायल के घुंघरू वो तेरी पायल की छम छम, ले गई दम जिया जलता है, जिया जलता है हरदम, हरदम वो तेरी पायल की छम छम………. चाल वो तेरी मस्ती सी, निगहें वो तरसती सी वो तेरी पायल के … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged , | Comments Off on तेरी पायल के घुंघरू (गीत) – शशिकांत जुनेजा

ज़िन्दगी तू (कविता) – Yashu Gaur

तेरी मनमानी अदाओं को समझ नहीं पाता हूँ ज़िन्दगी तू देती कुछ है मैं कुछ और चाहता हूँ तोड़ कर मरोड़ कर ख़्वाहिशों के परों को रोज़ ही पैरों में रौंद ख़्वाबों को मैं जिम्मेदारियां निभाता हूँ ज़िन्दगी तू देती … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Comments Off on ज़िन्दगी तू (कविता) – Yashu Gaur

घनघोर अँधेरे हैं (कविता) – शशिकांत जुनेजा

घनघोर अँधेरे हैं … घनघोर अँधेरे हैं बाद अंधेरों के भी तो ना रुकते सवेरे है कोई भरम ना अखिओं का अखियाँ सोती हैं रात ज़रूरी अखिओं को ,फिर सुबह होती है आँख मिचोली करते हरदिन शाम सवेरे हैं घनघोर … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Comments Off on घनघोर अँधेरे हैं (कविता) – शशिकांत जुनेजा

चंद्रमुखी – (गीत) – शिवराज सागर उन्नावी

चन्द्रमुखी     रिकार्डेड म्युजिक अल्बम गीतकार     शिवराज सागर उन्नावी गायक     शाहिद वालिया संगीतकार   शिवराज सागर उन्नावी मुखडा शादी के पहले चन्द्रमुखी शादी हुई तो बनी सूरजमुखी बाद उसके फटी तुम ज्वालमुखी अब हम भी दुखी और तुम … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Comments Off on चंद्रमुखी – (गीत) – शिवराज सागर उन्नावी

बनाने वालों ने क्या बनाई थी तस्वीर – अमित कुमार शर्मा

बनाने वालों ने क्या बनाई थी तस्वीर क्या तस्वीर बानी है हर तरफ हिंसा का बारूद है नफ़रत की इक बन्दूक तनी है बनाने वालों ने क्या बनाई थी तस्वीर क्या तस्वीर बानी है सत्ता के भूखे भेड़िये बस कुर्सी … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged | Comments Off on बनाने वालों ने क्या बनाई थी तस्वीर – अमित कुमार शर्मा

होली गीत – अमित कुमार तिवारी

होली आई होली आई (होली गीत) गलियों का सन्नाटा टूटा देने को हर कोई बधाई होली आई होली आई हुल्लासों की टोली आई 1 खिडकी से झांके गोरी बरसे रंग अबीर गुलाल मस्त मगन हो नाचै कबीरा फाग गावै मिलके … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged , | Comments Off on होली गीत – अमित कुमार तिवारी

आपके आने से (कविता) – ओंकार सिंह ‘विवेक’

मुक्तक (1) आपके आने से हर मंज़र सुहाना हो गया , हर किसी के दिल में ख़ुशियों का ठिकाना हो गया . आपकी आमद के कारण ही हमारी बज़्म में , जो न आते थे कभी उनका भी आना हो … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged | Comments Off on आपके आने से (कविता) – ओंकार सिंह ‘विवेक’

प ……प प्रेमाचा – मैनुद्दीन जमादार

प ……प प्रेमाचा घरात असणारी शांतता समीर ला आता आवडू लागली होती. माहित नाही मागील किती दिवसापासून त्याने घर सुद्धा झाडले नव्हते. स्वतः कधी नुसता सकाळी उठायला उशीर जरी झाला तरी आरडा ओरडा करणारा समीर हल्ली सूर्याच्या तापट सड्यांच्या चटक्याने … Continue reading

Posted in Members Contributions, Members' Creations | Tagged , | Comments Off on प ……प प्रेमाचा – मैनुद्दीन जमादार